आगरा लाईव न्यूज। कमला नगर पुलिस और एएनटीएफ की संयुक्त टीम ने गुरुवार रात अंतरराज्यीय नशा तस्करी के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया। पुलिस ने पंजाब नंबर की अर्टिगा कार से करीब एक करोड़ रुपये की चरस बरामद की है। तस्करों ने फिल्म ‘पुष्पा’ की तर्ज पर कार के दरवाजों के भीतर गुप्त बॉक्स बनाकर नशा छिपा रखा था, जिसे बाहर से देख पाना असंभव था। डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने बताया कि पुलिस को इनपुट मिला था कि आगरा होते हुए फिरोजाबाद में चरस की बड़ी खेप पहुंचाई जानी है। जानकारी पर कमला नगर पुलिस और एएनटीएफ टीम ने हाईवे पर नाकाबंदी कर वाहनों की जांच शुरू कर दी। इसी दौरान रात करीब 9:30 बजे एक अर्टिगा कार संदिग्ध हालात में आती दिखी। कार को रोका गया तो अंदर बलवीर सिंह (संगरूर, पंजाब) और धर्मवीर राणा (कुल्लू, हिमाचल) बैठे थे। दोनों शुरुआत में घबरा गए जिसके बाद पुलिस को उन पर शक गहरा गया।
कार की सर्चिंग में खुला राज—दरवाजों के भीतर छिपे मिले 20 पैकेट
पुलिस ने जब कार की गहन जांच की तो एक-एक कर चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। कार के दोनों आगे वाले दरवाजों में अंदर की ओर स्टील की प्लेटों से ढंके सीक्रेट चैम्बर मिले।
— एक दरवाजे में 12 पैकेट,
— दूसरे में 8 पैकेट चरस बरामद हुई।
कुल 20 पैकेट चरस, जिसकी कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में करीब एक करोड़ रुपये आंकी जा रही है। पुलिस के मुताबिक यह तरीका बिल्कुल वही है जैसा फिल्म ‘पुष्पा’ में लाल चंदन की तस्करी के लिए दिखाया गया था। बाहर से देखने पर कार बिल्कुल सामान्य लग रही थी।
तस्कर निकले हिस्ट्रीशीटर—7 साल तिहाड़ जेल में रह चुके
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने चौंकाने वाली बात स्वीकार की कि वे 2016 में भी NDPS एक्ट में गिरफ्तार होकर तिहाड़ जेल में 7 साल सजा काट चुके हैं। जेल से रिहा होने के बाद उन्होंने फिर से नशा तस्करी शुरू कर दी। दोनों ने बताया कि वे चरस कुल्लू के एक सप्लायर से लेकर आए थे और इसे फिरोजाबाद के इंदर नाम के व्यक्ति को डिलीवर करना था। पुलिस अब सप्लायर और ग्राहक दोनों के नेटवर्क को ट्रेस कर रही है।
थाना कमला नगर पुलिस की बड़ी सफलता
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी योगेश कुमार, एएनटीएफ के हरवेंद्र मिश्रा, और उपनिरीक्षक सुमित कुमार सहित टीम के कई सदस्य शामिल रहे। पुलिस ने कार जब्त कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने कहा कि आगरा में नशा तस्करी रोकने के लिए अभियान तेज किया गया है। जल्द ही इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की गिरफ्तारी भी संभव है।

