आगरा लाईव न्यूज। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू), लखनऊ से जुड़े गंभीर धर्मांतरण प्रकरण को लेकर राज्य महिला आयोग ने सख्त रुख अपनाया है। 27 दिसंबर 2025 को केजीएमयू की कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद के कक्ष में आयोजित विधिक एवं तथ्यात्मक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबिता सिंह चौहान ने की। बैठक का उद्देश्य प्रकरण की निष्पक्ष जांच, विधि-सम्मत कार्रवाई और भविष्य में ऐसे मामलों की पुनरावृत्ति रोकना रहा। बैठक में डॉ. बबिता सिंह चौहान ने बताया कि प्रकरण में विशाखा कमेटी के प्रावधानों के अंतर्गत जांच प्रक्रियाधीन है। मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज की जा चुकी है, जिस पर भारतीय न्याय संहिता एवं अन्य प्रासंगिक कानूनों के तहत सक्षम पुलिस अधिकारियों द्वारा कार्रवाई की जा रही है। राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि किसी भी व्यक्ति की संलिप्तता प्रमाणित होती है, तो उसके विरुद्ध कानून के अनुसार कठोरतम दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने दो टूक कहा कि इस प्रकरण में किसी भी पद, प्रभाव या संरक्षण के आधार पर किसी को भी छूट नहीं दी जाएगी।#डॉ. बबिता सिंह चौहान ने केजीएमयू प्रशासन को निर्देश दिए कि विश्वविद्यालय के सभी विभागों, इकाइयों और संबद्ध संस्थानों में यदि इस प्रकार के अन्य प्रकरण लंबित, अप्रतिवेदित या संदेहास्पद हों, तो तत्काल आंतरिक जांच समिति का गठन किया जाए। समिति को निर्धारित समय-सीमा के भीतर विस्तृत तथ्यात्मक और अनुशंसात्मक रिपोर्ट राज्य महिला आयोग को सौंपनी होगी। निर्देशों की अनदेखी की स्थिति में जिम्मेदारी तय कर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की नीति धर्मांतरण से जुड़े मामलों में शून्य सहनशीलता पर आधारित है, विशेष रूप से जब ऐसे कृत्य छल, दबाव या प्रलोभन के माध्यम से किए गए हों। राज्य सरकार और राज्य महिला आयोग महिलाओं के संवैधानिक अधिकारों, गरिमा और व्यक्तिगत स्वतंत्रता की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। राज्य महिला आयोग ने दोहराया कि महिलाओं के विरुद्ध किसी भी प्रकार के अपराध, शोषण या गैर-कानूनी गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आयोग अपनी विधिक शक्तियों का प्रयोग करते हुए ऐसे मामलों में कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित करेगा और भविष्य में भी इस तरह के प्रकरणों की निरंतर निगरानी करता रहेगा।

