आगरा। प्रदेश के 1.43 लाख शिक्षामित्रों की मानदेय बढ़ोतरी के उपलक्ष्य में मंगलवार को ताजनगरी के सूर सदन में भव्य शिक्षा मित्र सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनपद के 2442 शिक्षामित्रों को 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 18 हजार रुपये किए गए मानदेय के चेक और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।

समारोह में केंद्रीय मंत्री प्रो. एसपी सिंह बघेल, मंत्री महिला एवं बाल विकास उ.प्र. बेबी रानी मौर्य, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया, महापौर हेमलता दिवाकर कुशवाह, विधायक डॉ. धर्मपाल और विधान परिषद सदस्य विजय शिवहरे की गरिमामयी उपस्थिति रही।

कार्यक्रम का शुभारंभ जनप्रतिनिधियों द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस दौरान गोरखपुर से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम का सजीव प्रसारण भी दिखाया गया, जिसे उपस्थित शिक्षामित्रों और अतिथियों ने ध्यानपूर्वक देखा और सुना।

समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री प्रो. एसपी सिंह बघेल ने कहा कि प्रदेश सरकार ने शिक्षामित्रों के मानदेय को 10 हजार से बढ़ाकर 18 हजार कर ऐतिहासिक निर्णय लिया है।

उन्होंने कहा कि इस बढ़े हुए मानदेय का उपयोग यदि बच्चों की शिक्षा पर किया जाए तो यह भविष्य में कई गुना लाभ देगा। उन्होंने प्रेरणादायक अंदाज में कहा, “शिक्षा शेरनी का दूध है, जो इसे पीता है वही दहाड़ता है।” उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दिलाने पर विशेष ध्यान दें।

वहीं, मंत्री महिला एवं बाल विकास उ.प्र. बेबी रानी मौर्य ने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 2017 से पहले शिक्षामित्रों को मात्र 3000 रुपये मानदेय मिलता था, जिसे वर्तमान सरकार ने बढ़ाकर 18 हजार कर दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार जहां शिक्षामित्रों के हित में काम कर रही है, वहीं शिक्षामित्रों की जिम्मेदारी भी बढ़ गई है कि वे “स्कूल चलो अभियान” के तहत अधिक से अधिक बच्चों को विद्यालय से जोड़ें और उन्हें शिक्षा के साथ अच्छे संस्कार भी दें। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा बच्चों के यूनिफॉर्म व अन्य आवश्यकताओं के लिए 1200 रुपये सीधे खातों में भेजे जा रहे हैं।

कार्यक्रम के दौरान बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा “लर्निंग बाय डूइंग” लैब के अंतर्गत नवाचार आधारित शिक्षण मॉडल, वैज्ञानिक प्रयोग, बच्चों के प्रोजेक्ट, चित्र प्रदर्शनी और सेल्फी प्वाइंट भी लगाए गए, जिनका जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने अवलोकन कर सराहना की। जिलाधिकारी मनीष बंसल ने भी बच्चों को आधुनिक तकनीकों के माध्यम से दिए जा रहे शिक्षण की प्रशंसा की।

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी प्रतिभा सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी जितेंद्र कुमार गोंड, डायट प्राचार्य अनिरुद्ध सिंह, नगर शिक्षा अधिकारी सुमित कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और बड़ी संख्या में शिक्षामित्र उपस्थित रहे। समारोह ने न केवल शिक्षामित्रों के सम्मान को नई ऊंचाई दी, बल्कि शिक्षा के प्रति उनकी जिम्मेदारियों को भी रेखांकित किया।

